जिला प्रोबेशन श्री अधिकारीअभिषेक कुमार पाण्डेय ने बताया है कि कोविड-19 के संक्रमण से जिन बच्चों ने अपने माता-पिता दोनों अथवा वैध संरक्षक को खोया है (घटना की तारीख 11.03.2020 से 11.12.2021 के बीच की तारीख अभिप्रेत है), अनाथ हुए ऐसे बच्चों को भारत के माननीय प्रधानमंत्री जी द्वारा घोषित की गयी रूपये 10,000.00/- (दस लाख) धनराशि पीएम-केयर्स फॉर चिल्ड्रन योजना के अन्तर्गत लाभान्वित किये जाने की घोषणा की गयी थी। जनपद में एक बालिका अंजली पुत्री स्व० बसन्त लाल नि० ग्राम जानकीगंज, थाना-बिहार, जनपद उन्नाव ने कोविड-19 के संक्रमण से अपने माता-पिता दोनों को खोया था, जिसको पी०एम० केयर्स फॉर चिल्ड्रेन योजना के अन्तर्गत अप्रैल 2022 में लाभान्वित किया गया था। इस योजना के अन्तर्गत बालिका अंजली के खाते में अप्रैल 2022 में 10 लाख रूपये की आर्थिक सहायता भारत सरकार द्वारा प्रदान की गयी थी। जिसका चेक जिलाधिकारी महोदय द्वारा आज बालिका अंजली को प्रदान किया गया एवं इसके साथ-साथ बालिका अंजली को इसके अतिरिक्त प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना के तहत आवास की सुविधा, आयुष्मान कार्ड की सुविधा (जिसमें 05 लाख तक मुफ्त इलाज), आपदा विभाग से 50000.00 रू० की आर्थिक सहायता, भारत सरकार से शिक्षा हेतु 20000.00 रु० की आर्थिक सहायता एवं जुलाई 2021 से जून 2024 तक बाल सेवा योजना (सामान्य) के अन्तर्गत 2500 रू० प्रतिमाह की दर से बालिका के शिक्षा एवं भरण पोषण हेतु आर्थिक सहायता प्रदान की गयी थी। बालिका अंजली, ने मा० प्रधानमंत्री का धन्यवाद देते हुये कहा कि पीएम-केयर्स फॉर चिल्ड्रन योजना के तहत कोविड-19 महामारी के कारण अनाथ हुए बच्चों के लिए प्रदान की गई सहायता प्राप्तकर्ता हूँ। इस मुश्किल समय में आपके द्वारा दी गई इस अमूल्य सहायता (रूपये 10,00,000/-) प्राप्त करने के उपरान्त हृदय से आभार व्यक्त करना चाहती हूँ। इस योजना ने शिक्षा, स्वास्थ्य और वित्तीय सुरक्षा के रूप में जो सहयोग दिया है, वह भविष्य के लिए एक मजबूत नींव है, साथ ही इस सहायता से मुझे आत्मनिर्भर बनने और समाज में एक सार्थक जीवन जीने का अवसर प्रदान किया है। मैं आपको विश्वास दिलाना चाहती हूँ कि इस सहायता का सदुपयोग कर, एक सफल और जिम्मेदार नागरिक बनूँगी। Post navigation उन्नाव: नहर में लापता महिला की तलाश पूरी, 24 घंटे बाद बरामद हुआ शव छात्रों की पढ़ाई से लेकर खाने तक की गुणवत्ता परखी, डीएम ने दिए जरूरी निर्देश