उन्नाव– अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) श्री सुशील कुमार गोंड की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट के पन्नालाल सभागार में जनगणना 2027 के प्रथम चरण में होने वाले मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना की तैयारियों को लेकर बैठक आयोजित की गई। बैठक में जनगणना कार्य के सफल संचालन के लिए विभिन्न विभागों से आवश्यक कार्मिक उपलब्ध कराने पर चर्चा की गई। अपर जिलाधिकारी ने बताया कि जनगणना 2027 दो चरणों में संपन्न होगी। पहला चरण 22 मई से 20 जून 2026 तक चलेगा, जिसमें मकानों का सूचीकरण और मकानों की गणना की जाएगी। वहीं दूसरा चरण 9 फरवरी से 28 फरवरी 2027 तक आयोजित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि 2027 की जनगणना पहली बार डिजिटल मोड में कराई जाएगी। यह 1872 से शुरू हुई जनगणना श्रृंखला की 16वीं तथा स्वतंत्रता के बाद की 8वीं जनगणना होगी। बैठक में अपर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनगणना के कार्य के लिए फील्ड ट्रेनर, सुपरवाइजर और प्रगणकों के रूप में आवश्यक कार्मिक समय से उपलब्ध कराए जाएं। उन्होंने कहा कि जनगणना का कार्य अत्यंत महत्वपूर्ण है, इसलिए इसे प्राथमिकता के साथ गंभीरता से किया जाए और किसी प्रकार की शिथिलता न बरती जाए। अपर जिलाधिकारी ने यह भी कहा कि जनगणना कार्य में गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाएगा, ताकि कोई भी डाटा छूटने न पाए और पूरी प्रक्रिया त्रुटिरहित ढंग से संपन्न हो। बैठक में जिला विकास अधिकारी देव कुमार चतुर्वेदी, उप जिलाधिकारी प्रशांत नायक, डीसी मनरेगा मनीष जी सहित जनगणना से जुड़े विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। Post navigation महिला उत्पीड़न मामलों पर सख्त हुईं अपर्णा यादव, उन्नाव में 11 पीड़िताओं की सुनी शिकायतें उपनिरीक्षक भर्ती परीक्षा को लेकर डीएसएन पीजी कॉलेज का निरीक्षण, व्यवस्थाओं का लिया जायजा